इन मंदिरों की वजह से दुनिया भर में मशहूर है मैक्लॉडगंज

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घूमने फिरने का शौकीन तो हर कोई होता है नई जगह देखना किसे पंसद नहीं होता ऐसे में अगर बात हिमाचल में घूमने की हो तो सबसे पहले दिमाग में ख्याल मंदिरों का आता है।

हिमाचल में बहुत से धार्मिक स्थल हैं। आज की इस पोस्ट में हम आपको मैक्लॉडगंज जो कि एक हिल स्टेशन है के प्रसिद्ध मंदिरों के बारे में बताने जा रहे हैं, तो चलिए शुरू करते हैं:

धर्मशाला के इस लोकप्रिय हिल स्टेशन को लिटिल ल्हासा या ढासा के नाम से भी जाना जाता है। मैक्लॉडगंज वह जगह है, जहां पर 1959 में बौद्ध धर्मगुरु दलाई लामा अपने हजारों अनुयाइयों के साथ तिब्बत से आकर बसे थे। यह स्थान विशेष रूप से दलाई लामा मंदिर या सुगलगखंग मंदिर के लिए प्रसिद्ध है।

तिब्बत की राजधानी ल्हासा की तर्ज पर इस जगह को मिनी ल्हासा भी कहा जाता है। यहां की सबसे मशहूर जगह दलाई लामा का मंदिर और उस से सटी नामग्याल मोनेस्ट्री है।

प्रकृति प्रेमी, ट्रेकर्स और शांति चाहने वालों को यह स्थान पसंद आएगा। यहां आपको नामग्याल मठ, नेचुंग मठ, नड्डी व्यूपॉइंट और मिनिकियानी पास जैसी कई अद्भुत आकर्षक जगहों पर घूमने का मौका मिलेगा।

दलाई लामा मंदिर

Dalai-Lama-Temple

यहां का सबसे प्रमुख आकर्षण दलाई लामा का मंदिर है जहां शाक्य मुनि, अवलोकितेश्वर एवं पद्मसंभव की मूर्तियां विराजमान हैं। नामग्याल मोनेस्ट्री भी मशहूर है। यहां भारत और तिब्बत की संस्कृतियों का संगम देखने को मिलता है।

तिब्बती संस्कृति और सभ्यता को प्रदर्शित करता एक पुस्तकालय भी स्थित है। मार्च से जुलाई के बीच यहां ज्यादा संख्या में सैलानी आते हैं। इन दिनों यहां का मौसम बेहद सुकून भरा होता है।

प्राचीन भागसूनाग मंदिर

Ancient-Bhagsunag-Temple

देवभूमि कहे जाने वाले हिमाचल प्रदेश के मनोहारी पर्यटक स्थल धर्मशाला के ऊपरी हिस्से मैक्लॉडगंज से भी करीब दो किलोमीटर ऊपर है प्राचीन मंदिर भागसूनाग है।

मेकलॉडगंज के आस-पास बने मंदिर लोगों को खासे आकर्षित करते हैं। यहां से लगभग 10 किलोमीटर की दूरी पर भागसूनाग मंदिर स्थित है। यह भव्य तो नहीं, लेकिन प्रसिद्ध जरूर है।